जमशेदपुर: झारखंड के जमशेदपुर जिले में स्वर्णरेखा नदी किनारे मिला विशालकाय बम सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय कर दिया गया है। बहरागोड़ा प्रखंड के पानीपड़ा-नागुड़साई इलाके में मिले करीब 227 किलोग्राम वजनी बम को डिफ्यूज करने के लिए भारतीय सेना की विशेषज्ञ टीम को बुलाया गया था।

सेना और प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई से एक बड़े संभावित हादसे को टाल दिया गया।

इलाके को बनाया गया सुरक्षा क्षेत्र

बम मिलने के बाद सोमवार से ही पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया था। प्रशासन और सेना ने आम लोगों की आवाजाही पूरी तरह रोक दी थी। आसपास के क्षेत्र में कड़ी निगरानी रखी गई और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई थी।

पूरे क्षेत्र में छावनी जैसा माहौल देखने को मिला।

दो दिन तक चली तकनीकी जांच

सेना की बम निरोधक टीम ने लगातार दो दिनों तक बम का निरीक्षण किया। इस दौरान उसकी तकनीकी स्थिति, विस्फोटक क्षमता और संभावित नुकसान के दायरे का बारीकी से आकलन किया गया।

सभी सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए बुधवार को इसे सफलतापूर्वक निष्क्रिय कर दिया गया।

द्वितीय विश्व युद्ध काल का होने की आशंका

प्रारंभिक जांच में आशंका जताई गई है कि यह बम द्वितीय विश्व युद्ध के समय का हो सकता है। इतने वर्षों पुराना होने के बावजूद इसमें विस्फोटक क्षमता मौजूद थी, जिससे बड़ा खतरा बना हुआ था।

लोगों ने ली राहत की सांस

सेना और प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई के बाद इलाके के लोगों ने राहत की सांस ली है। समय रहते किए गए इस ऑपरेशन को बेहद अहम माना जा रहा है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह बम समय पर नहीं मिला होता, तो बड़ी दुर्घटना हो सकती थी।

Share.
Leave A Reply

Exit mobile version