गोड्डा : जिले के महागामा प्रखंड स्थित डुमरिया भारतीय स्टेट बैंक शाखा में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब केंद्रीय जांच ब्यूरो की टीम ने अचानक छापेमारी की। धनबाद स्थित भ्रष्टाचार निरोधक शाखा की टीम ने कार्रवाई करते हुए शाखा प्रबंधक रोहित कुमार और एक कैशियर को कथित रूप से 77 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
मिली जानकारी के अनुसार सीबीआई की टीम शाम करीब चार बजे बैंक पहुंची और रात आठ बजे तक शाखा में गहन जांच करती रही। इस दौरान अधिकारियों ने बैंक के विभिन्न दस्तावेजों और रिकॉर्ड की जांच की। साथ ही मामले से जुड़े कई कर्मचारियों से पूछताछ भी की गई।
मृतक खाताधारक की राशि भुगतान के बदले मांगी गई थी रिश्वत
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार एक मृतक खाताधारक के खाते में जमा राशि के भुगतान के एवज में शाखा प्रबंधक ने कैशियर की मदद से रिश्वत की मांग की थी। शिकायतकर्ता कथित रूप से रिश्वत देने के पक्ष में नहीं था और उसने इसकी शिकायत धनबाद स्थित सीबीआई कार्यालय में की।
शिकायत मिलने के बाद सीबीआई की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने मामले का सत्यापन किया और कार्रवाई के लिए विशेष टीम गठित की।
योजना के तहत रंगेहाथ पकड़े गए आरोपी
सीबीआई द्वारा बनाई गई रणनीति के तहत शिकायतकर्ता ने निगरानी में आरोपित बैंककर्मियों को रिश्वत की रकम सौंपी। जैसे ही पैसों का लेन-देन हुआ, पहले से मौजूद सीबीआई टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए शाखा प्रबंधक और कैशियर को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
कार्रवाई के दौरान सीबीआई अधिकारियों ने आरोपित बैंक अधिकारियों के आवासों पर भी तलाशी अभियान चलाया। जांच एजेंसी ने मामले से जुड़े दस्तावेजों और अन्य संभावित साक्ष्यों को भी खंगाला।
चार घंटे तक चली जांच, धनबाद ले गई सीबीआई टीम
बैंक परिसर में करीब चार घंटे तक जांच और पूछताछ की प्रक्रिया चलती रही। कार्रवाई के बाद दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए धनबाद ले जाया गया।
इस घटना के बाद बैंक कर्मियों और स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का माहौल बना रहा। फिलहाल सीबीआई मामले की विस्तृत जांच कर रही है और रिश्वतखोरी से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।
