नई दिल्ली: संसद के मानसून सत्र से पहले केंद्र सरकार ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने की अपील की है। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने रविवार को आयोजित सर्वदलीय बैठक के बाद कहा कि लोकतंत्र में संसद चर्चा और संवाद का सर्वोच्च मंच है, इसलिए सभी दलों को हंगामे के बजाय सार्थक बहस में भाग लेना चाहिए।
विपक्ष से सहयोग की अपील
किरेन रिजिजू ने कहा कि अब यह साबित हो चुका है कि संसद में हंगामा करने से किसी भी राजनीतिक दल को कोई विशेष राजनीतिक लाभ नहीं मिलता। ऐसे में सभी विपक्षी दलों को मानसून सत्र के दौरान सकारात्मक भूमिका निभानी चाहिए ताकि सदन की कार्यवाही बिना व्यवधान के चल सके।
विधेयकों पर होगी विस्तृत चर्चा
संसदीय कार्य मंत्री ने कहा कि सरकार मानसून सत्र में कई महत्वपूर्ण विधेयक पेश करेगी। उन्होंने सभी दलों से आग्रह किया कि इन विधेयकों पर गंभीर और सार्थक चर्चा के बाद उन्हें पारित कराने में सहयोग करें। उनका कहना था कि संसद का समय जनहित के मुद्दों पर चर्चा और कानून निर्माण के लिए उपयोग होना चाहिए।
सर्वदलीय बैठक में हुई तैयारियों की समीक्षा
मानसून सत्र से पहले आयोजित सर्वदलीय बैठक में सरकार और विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने आगामी सत्र के एजेंडे और कार्यवाही को लेकर विचार-विमर्श किया। बैठक का उद्देश्य सदन की कार्यवाही को सुचारू बनाए रखना और महत्वपूर्ण विधायी कार्यों को समय पर पूरा करना रहा।
