रांची : झारखंड में पुलिसकर्मियों के सामने वेतन संकट गहराता जा रहा है। झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर बकाया वेतन जल्द जारी करने और कोषागार से निकासी में आ रही समस्याओं के समाधान की मांग की है।
एसोसिएशन के संयुक्त सचिव सह कोषाध्यक्ष राकेश कुमार पांडेय ने बताया कि राज्य के पुलिस पदाधिकारी और जवान इस समय गंभीर आर्थिक तंगी से गुजर रहे हैं। स्थिति ऐसी हो गई है कि रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करना भी मुश्किल हो रहा है।
जानकारी के अनुसार, फरवरी महीने का वेतन आयकर और अन्य कटौतियों में ही समाप्त हो गया, जबकि मार्च महीने का वेतन अब तक जारी नहीं किया गया है।
आर्थिक तंगी से बढ़ीं परेशानियां
लगातार दो महीने से वेतन नहीं मिलने के कारण पुलिसकर्मियों की आर्थिक स्थिति बेहद खराब हो गई है। कई जवान अपने बच्चों की स्कूल फीस जमा नहीं कर पा रहे हैं, वहीं बैंकों की किस्तें भी समय पर नहीं चुकाई जा पा रही हैं।
परिवारों में शादी-विवाह जैसे जरूरी खर्चों पर भी असर पड़ा है। बुजुर्ग माता-पिता के इलाज और दवाइयों के लिए भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एसोसिएशन का कहना है कि आर्थिक और मानसिक दबाव में काम करने से पुलिसकर्मियों की कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती है।
मनोबल पर पड़ सकता है असर
एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से तत्काल वेतन जारी करने के निर्देश देने की मांग की है, ताकि पुलिस बल का मनोबल बना रहे और प्रशासनिक व्यवस्था प्रभावित न हो।
साथ ही वेतन निकासी में आ रही तकनीकी और प्रशासनिक समस्याओं को भी जल्द दूर करने का आग्रह किया गया है। इससे पहले एसोसिएशन ने इस मुद्दे को लेकर डीजीपी को भी पत्र लिखा था, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकल सका है।

