पटना: बिहार की राजनीति में मंगलवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में राज्य सरकार को भंग करने के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी गई। करीब 20 मिनट तक चली इस बैठक में मंत्रिमंडल ने सर्वसम्मति से इस निर्णय को मंजूरी दी।
भावुक माहौल में लिया गया फैसला
कैबिनेट बैठक के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंत्रियों को संबोधित करते हुए भावुक अंदाज में कहा कि वे दिल्ली जा रहे हैं, लेकिन वहां से भी बिहार के हालात पर नजर बनाए रखेंगे। उन्होंने सभी मंत्रियों के प्रति आभार जताया और उनके सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।
बैठक के बाद माहौल भावुक हो गया और कई मंत्रियों ने इसे ऐतिहासिक क्षण बताया।
मंत्रियों ने जताया आभार
मंत्री लखेंद्र पासवान ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सभी को बेहतर काम करने के लिए प्रेरित किया और राज्य के विकास में योगदान देने की बात कही। वहीं मंत्री राम कृपाल यादव ने इसे भावुक क्षण बताते हुए कहा कि नीतीश कुमार ने करीब दो दशकों तक बिहार के विकास के लिए कार्य किया है।
मंत्री लेसी सिंह ने भी इसे गर्व का पल बताते हुए मुख्यमंत्री के नेतृत्व की सराहना की।
आज राज्यपाल को सौंपेंगे इस्तीफा
कैबिनेट भंग करने के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज दोपहर 3:15 बजे राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपेंगे। इसके साथ ही राज्य में नई सरकार के गठन का रास्ता साफ हो जाएगा।
भाजपा की बैठक और नई सरकार की तैयारी
इसी बीच भारतीय जनता पार्टी ने भी विधायक दल की बैठक बुलाई है। इस बैठक में केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में शिवराज सिंह चौहान शामिल होंगे। साथ ही पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के पटना पहुंचने की सूचना है।
राजनीतिक हलकों में अब नई सरकार के गठन और संभावित शपथ ग्रहण को लेकर हलचल तेज हो गई है।

