रांची: झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। इसी बीच नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने स्पष्ट किया है कि एनडीए गठबंधन ने राज्यसभा चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नथवानी का समर्थन करने का निर्णय लिया है।
सोमवार को झारखंड विधानसभा परिसर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए बाबूलाल मरांडी ने कहा कि राज्यसभा चुनाव में जीत के लिए आवश्यक संख्या बल एनडीए के पास नहीं है। इसी वजह से गठबंधन ने रणनीतिक फैसला लेते हुए निर्दलीय उम्मीदवार का समर्थन करने का निर्णय लिया है।
जीत के लिए पर्याप्त संख्या नहीं : बाबूलाल मरांडी
बाबूलाल मरांडी ने कहा कि एनडीए गठबंधन के पास वर्तमान में 24 विधायक हैं, जबकि राज्यसभा चुनाव जीतने के लिए 28 विधायकों के समर्थन की आवश्यकता है। ऐसी स्थिति में गठबंधन के लिए अपना उम्मीदवार जीताना संभव नहीं था।
उन्होंने कहा, “हम सभी सहयोगी दलों ने मिलकर विचार-विमर्श किया और यह निर्णय लिया कि जब हमारे पास आवश्यक संख्या बल नहीं है, तब निर्दलीय प्रत्याशी परिमल नथवानी का समर्थन किया जाए।”
संख्या होती तो उतारते अपना उम्मीदवार
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि यदि एनडीए के पास पर्याप्त संख्या होती तो गठबंधन व्यापक चर्चा और विचार-मंथन के बाद अपना उम्मीदवार मैदान में उतारता। लेकिन मौजूदा राजनीतिक गणित को देखते हुए निर्दलीय प्रत्याशी को समर्थन देना अधिक व्यावहारिक निर्णय माना गया।
उन्होंने कहा कि गठबंधन ने सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद ही यह फैसला लिया है और एनडीए के सभी घटक दल इस निर्णय के साथ हैं।
राज्यसभा चुनाव पर टिकी राजनीतिक नजरें
झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर सभी राजनीतिक दल अपने-अपने समीकरण साधने में जुटे हुए हैं। सत्तारूढ़ गठबंधन और विपक्ष दोनों की रणनीतियों पर राजनीतिक गलियारों की नजर बनी हुई है।
बाबूलाल मरांडी के इस बयान के बाद राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक चर्चाएं और तेज हो गई हैं। अब सभी की निगाहें आगामी चुनावी प्रक्रिया और उम्मीदवारों के समर्थन के गणित पर टिकी हैं।

