रांची: झारखंड सरकार ने राज्य की चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने रिम्स रांची के साथ-साथ पलामू और दुमका मेडिकल कॉलेज में सीटों की संख्या बढ़ाने तथा आवश्यक आधारभूत संरचना विकसित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में आयोजित उच्च स्तरीय बैठक में इस योजना की विस्तृत समीक्षा की गई।
रिम्स में एमबीबीएस, पीजी और सुपर स्पेशियलिटी सीटें बढ़ाने का प्रस्ताव
बैठक में रिम्स में एमबीबीएस (स्नातक) की सीटों को 176 से बढ़ाकर 250, स्नातकोत्तर (पीजी) की सीटों को 180 से बढ़ाकर 275 और सुपर स्पेशियलिटी की सीटों को 11 से बढ़ाकर 100 करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है।
यह प्रस्ताव मंजूरी के लिए नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) को भेजा गया है।
केंद्र सरकार से मांगी जाएगी वित्तीय सहायता
बढ़ी हुई सीटों के अनुरूप हॉस्टल, प्रयोगशाला, ऑपरेशन थिएटर, आधुनिक चिकित्सा उपकरण और फैकल्टी सहित अन्य मानव संसाधनों की आवश्यकता का आकलन किया गया है।
इसके तहत केंद्र सरकार की वायबिलिटी गैप फंडिंग (वीजीएफ) योजना के माध्यम से प्रत्येक अतिरिक्त सीट पर लगभग 1.5 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता प्राप्त करने के लिए भारत सरकार को प्रस्ताव भेजा जाएगा।
पलामू और दुमका मेडिकल कॉलेजों का भी होगा विस्तार
सरकार की योजना आगामी वर्षों में पलामू और दुमका मेडिकल कॉलेज में भी एमबीबीएस सीटों की संख्या बढ़ाने और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम शुरू करने की है।
इसके लिए दोनों जिलों के प्रशासन द्वारा अतिरिक्त भूमि भी उपलब्ध करा दी गई है, जिससे विस्तार कार्य को गति मिल सके।
15 दिनों में डीपीआर तैयार करने का निर्देश
बैठक में अपर मुख्य सचिव ने झारखंड स्टेट बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कॉर्पोरेशन लिमिटेड को 15 दिनों के भीतर संशोधित विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार कर स्वास्थ्य विभाग को सौंपने का निर्देश दिया।
रिम्स परिसर की साफ-सफाई पर भी जोर
बैठक में रिम्स परिसर की स्वच्छता और सुव्यवस्था पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि परिसर के भीतर मौजूद अनावश्यक बाउंड्री और अन्य अवरोधों को हटाकर अस्पताल परिसर को अधिक व्यवस्थित, साफ और सुगम बनाया जाए।

