लातेहार: झारखंड के लातेहार जिले में उग्रवाद के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। प्रतिबंधित संगठन जेजेएमपी के सबजोनल कमांडर सुरेंद्र लोहरा उर्फ टाइगर जी ने गुरुवार को आत्मसमर्पण कर दिया।
पुलिस अधिकारियों के समक्ष किया सरेंडर
लातेहार पुलिस कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सुरेंद्र लोहरा ने पलामू प्रक्षेत्र के आईजी शैलेंद्र कुमार सिन्हा, एसपी कुमार गौरव और सीआरपीएफ अधिकारियों की मौजूदगी में सरेंडर किया।
आत्मसमर्पण पर मिला सम्मान और प्रोत्साहन
आईजी शैलेंद्र कुमार सिन्हा ने माला पहनाकर और बुके भेंट कर उसका स्वागत किया। सरकार की आत्मसमर्पण नीति के तहत उसे 5 लाख रुपये का प्रतीकात्मक चेक भी दिया गया। अधिकारियों ने उसके परिवार, खासकर पत्नी की भूमिका की सराहना की, जिनकी प्रेरणा से उसने मुख्यधारा में लौटने का फैसला लिया।
20 वर्षों तक रहा सक्रिय
पुलिस के अनुसार, सुरेंद्र लोहरा पिछले करीब 20 वर्षों से उग्रवादी गतिविधियों में सक्रिय था। उसके खिलाफ लातेहार, चंदवा और हेरहंज थाना क्षेत्रों में आठ गंभीर मामले दर्ज हैं।
अन्य उग्रवादियों से भी अपील
आईजी ने क्षेत्र में सक्रिय अन्य उग्रवादियों से भी अपील की कि वे हिंसा का रास्ता छोड़कर सरकार की पुनर्वास नीति का लाभ उठाएं और समाज की मुख्यधारा से जुड़ें।
उग्रवाद विरोधी अभियान में मिल रही सफलता
पुलिस ने बताया कि वर्ष 2025 में 23 उग्रवादियों ने आत्मसमर्पण किया था। वहीं 2026 में भी अभियान जारी है और हाल ही में 10 लाख के इनामी माओवादी मृत्युंजय भुईया और 2 लाख के इनामी बबलू राम को गिरफ्तार किया गया है।
