नई दिल्ली : देश के सबसे बड़े सियासी मुकाबलों में शामिल 2026 के विधानसभा चुनावों के नतीजे आज सामने आ रहे हैं। चुनाव आयोग के अनुसार पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, असम, केरल और पुडुचेरी में सुबह 8 बजे से मतगणना जारी है। करीब 824 सीटों पर हुए इस चुनाव का असर न सिर्फ इन राज्यों पर बल्कि राष्ट्रीय राजनीति की दिशा पर भी पड़ सकता है।
अलग-अलग राज्यों में अलग मुकाबला
इस बार हर राज्य में चुनावी समीकरण अलग नजर आ रहे हैं। पश्चिम बंगाल में भाजपा और तृणमूल कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर है, जबकि तमिलनाडु में M. K. Stalin की पार्टी द्रविड़ मुनेत्र कड़गम, अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम और Vijay की पार्टी के बीच त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल रहा है।
असम में भाजपा सत्ता में वापसी की कोशिश कर रही है, वहीं केरल में यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट और लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट के बीच पारंपरिक मुकाबला जारी है। पुडुचेरी में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन और अन्य दलों के बीच टक्कर बनी हुई है।
तमिलनाडु में ‘विजय फैक्टर’ चर्चा में
तमिलनाडु में इस बार अभिनेता से नेता बने विजय का प्रभाव चुनावी समीकरण को बदलता नजर आ रहा है। शुरुआती रुझानों में द्रविड़ मुनेत्र कड़गम मजबूत स्थिति में दिख रही है, लेकिन विजय की पार्टी भी कई सीटों पर कड़ी चुनौती दे रही है।
असम और केरल पर भी नजर
असम में एग्जिट पोल के आधार पर भाजपा को बढ़त मिलने की संभावना जताई जा रही थी, जिससे पार्टी का मनोबल ऊंचा है। वहीं केरल में हर चुनाव में सत्ता परिवर्तन का ट्रेंड रहा है, ऐसे में इस बार भी परिणाम चौंकाने वाले हो सकते हैं।
पुडुचेरी में बदलाव के संकेत
पुडुचेरी में शुरुआती रुझानों में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन बढ़त बनाता नजर आ रहा है। यदि यही रुझान कायम रहते हैं तो यहां सत्ता परिवर्तन संभव है।
क्यों अहम हैं ये चुनाव
इन चुनावों को 2026 की सबसे बड़ी सियासी परीक्षा माना जा रहा है। यह राष्ट्रीय दलों के लिए साख की लड़ाई है, वहीं क्षेत्रीय दलों के लिए अपनी पकड़ बनाए रखने की चुनौती भी है।
करीब 16 करोड़ से अधिक मतदाताओं ने इस बार मतदान किया है। सुबह से ही रुझान सामने आने लगे हैं और दोपहर तक तस्वीर काफी हद तक साफ होने की उम्मीद है, जबकि शाम तक सभी सीटों के अंतिम नतीजे घोषित किए जा सकते हैं।

