रांची : रांची के चर्चित यौन उत्पीड़न मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। डीएवी कपिलदेव स्कूल के पूर्व प्राचार्य एमके सिन्हा को नर्सिंग स्टाफ महिला के साथ यौन उत्पीड़न के मामले में दोषी करार देते हुए तीन साल की सश्रम कैद की सजा सुनाई गई है।
स्कूल की महिला स्टाफ ने दर्ज कराई थी शिकायत
मामला स्कूल में कार्यरत एक नर्सिंग स्टाफ महिला से जुड़ा है। आरोप था कि तत्कालीन प्राचार्य ने उसके साथ गलत व्यवहार किया और यौन उत्पीड़न किया। पीड़िता की शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की थी और इसके बाद अदालत में सुनवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ी।
कोर्ट ने सुनाई तीन साल की सजा
सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर पूर्व प्राचार्य एमके सिन्हा को दोषी पाया। कोर्ट ने उन्हें तीन साल की सश्रम कैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया है।
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि कार्यस्थल पर महिलाओं की सुरक्षा अत्यंत आवश्यक है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जरूरी है ताकि समाज में स्पष्ट संदेश जाए।
लंबे समय से चल रहा था मामला
यह मामला लंबे समय से अदालत में विचाराधीन था। सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों की दलीलें सुनी गईं और कई गवाहों के बयान दर्ज किए गए। इसके बाद अदालत ने अपना फैसला सुनाया।
शिक्षा जगत में चर्चा तेज
फैसले के बाद शिक्षा जगत और शहर में इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है। लोगों का कहना है कि शैक्षणिक संस्थानों में कार्यरत महिलाओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। कई लोगों ने कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि इससे ऐसे मामलों में सख्त संदेश जाएगा।

