रांची: झारखंड प्रशासनिक सेवा के अधिकारी और हजारीबाग के तत्कालीन अंचल अधिकारी शैलेश कुमार को भ्रष्टाचार के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। इस संबंध में कार्मिक, प्रशासनिक सुधार तथा राजभाषा विभाग ने अधिसूचना जारी कर दी है।
भ्रष्टाचार मामले में हुई कार्रवाई
मिली जानकारी के अनुसार शैलेश कुमार भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो हजारीबाग थाना कांड संख्या-11/25 में प्राथमिक अभियुक्त हैं। उन्हें 15 अक्टूबर 2025 को एसीबी द्वारा गिरफ्तार किया गया था और फिलहाल वे केंद्रीय कारा हजारीबाग में बंद हैं।
नियमों के तहत निलंबन
निलंबन आदेश में बताया गया है कि वर्तमान में पंचायती राज विभाग में उप निदेशक पद पर पदस्थापित शैलेश कुमार को झारखंड सरकारी सेवक नियमावली 2016 के तहत निलंबित किया गया है। यह निलंबन 15 अक्टूबर 2025 से प्रभावी माना गया है और अगले आदेश तक जारी रहेगा।
निलंबन अवधि में मिलेगा भत्ता
निलंबन अवधि के दौरान उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा। यह भुगतान उसी स्थापना से किया जाएगा, जहां वे गिरफ्तारी के समय पदस्थापित थे। हिरासत से मुक्त होने के बाद उन्हें कार्मिक विभाग में योगदान देना होगा।
अन्य अधिकारी पर भी कार्रवाई
राज्य सरकार ने इस मामले में जामताड़ा के पूर्व एलआरडीसी प्रभात कुमार पर भी कार्रवाई करते हुए उन्हें निंदा की सजा दी है।
विभागों को दी गई सूचना
इस कार्रवाई की जानकारी संबंधित विभागों, महालेखाकार, उपायुक्त हजारीबाग, पंचायती राज विभाग और भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो को भेज दी गई है।

