Ranchi: रांची समेत पूरे झारखंड में कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। राज्य के कई जिलों में शीतलहर का प्रकोप लगातार जारी है और तापमान में किसी तरह की नरमी के संकेत नहीं मिल रहे हैं। India Meteorological Department (IMD) के अनुसार, ठंड का यह दौर अभी कुछ दिनों तक बना रह सकता है, जिससे आम लोगों के साथ-साथ किसानों की चिंता भी बढ़ गई है।
झारखंड में कड़ाके की ठंड, खूंटी में न्यूनतम तापमान 1.4 डिग्री
झारखंड के खूंटी जिले में ठंड ने रिकॉर्ड तोड़ स्थिति पैदा कर दी है। यहां न्यूनतम तापमान गिरकर 1.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। कई इलाकों में पेड़ों की टहनियों पर ओस की बूंदें जम गई हैं और बर्फ की परत जैसी स्थिति देखी जा रही है। इस अत्यधिक ठंड का सीधा असर रबी फसलों पर पड़ रहा है, जिससे किसानों की परेशानी बढ़ गई है।
रांची मौसम विभाग का अलर्ट, कई जिलों में येलो अलर्ट
रांची मौसम केंद्र ने रांची, खूंटी और गुमला जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार, इन इलाकों में दिनभर शीतलहर चलने और सुबह-शाम घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। न्यूनतम तापमान 5 से 6 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। मौसम विभाग ने लोगों से अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने और ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की अपील की है।
प्रमुख शहरों का तापमान और AQI (रविवार के आंकड़े)
ठंड के साथ-साथ वायु प्रदूषण भी चिंता का विषय बना हुआ है।
- रांची: अधिकतम 22°C / न्यूनतम 9°C, AQI 176
- जमशेदपुर: अधिकतम 25°C / न्यूनतम 10°C, AQI 168
- धनबाद: अधिकतम 23°C / न्यूनतम 10°C, AQI 229
- बोकारो: अधिकतम 24°C / न्यूनतम 8°C, AQI 180
- पलामू: अधिकतम 24°C / न्यूनतम 6°C, AQI 190
कई शहरों में AQI खराब श्रेणी में पहुंच गया है, जिससे सांस और हृदय रोगियों के लिए जोखिम बढ़ सकता है।
दिन-रात शीतलहर की मार, लातेहार में भी ठंड का असर
कुछ जिलों में अधिकतम तापमान भी बेहद कम दर्ज किया गया है। लातेहार में अधिकतम तापमान केवल 15 डिग्री सेल्सियस रहा। लोहरदगा में 18.3 डिग्री और पाकुड़ व बोकारो में 21.1 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया है। लगातार चल रही ठंडी हवाओं के कारण दिन और रात दोनों समय ठिठुरन महसूस हो रही है।
आने वाले दिनों में राहत के आसार कम
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, उत्तर-पश्चिमी ठंडी हवाओं और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से फिलहाल झारखंड में ठंड से राहत मिलने की संभावना कम है। लोगों को मौसम अपडेट पर नजर रखने और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है।

